*खिरकिया रेलवे ओवरब्रिज के प्रस्तावित स्थान पर उठे सवाल, नागरिकों ने आपत्ति दर्ज कर बदलने की मांग की*

खिरकिया रेलवे ओवरब्रिज के प्रस्तावित स्थान पर उठे सवाल, नागरिकों ने आपत्ति दर्ज कर बदलने की मांग की
रिपोर्ट:यश पांडे

खिरकिया। खिरकिया में प्रस्तावित रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) के स्थान को लेकर स्थानीय नागरिकों ने विस्तृत आपत्ति प्रस्तुत करते हुए प्रस्तावित स्थल को बदलकर शहर के बाहर उपयुक्त स्थान पर निर्माण कराने की मांग की है। आपत्ति पत्र में दावा किया गया है कि वर्तमान प्रस्तावित स्थान जनहित के अनुकूल नहीं है और इससे भविष्य में यातायात, धार्मिक, सामाजिक तथा व्यावसायिक समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
आपत्ति में कहा गया है कि प्रस्तावित नक्शे में 90 डिग्री का मोड़ दर्शाया गया है, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहेगी। साथ ही यह भी आरोप लगाया गया है कि नक्शे में धार्मिक स्थल नहीं होने का उल्लेख किया गया है, जबकि प्रस्तावित मार्ग पर प्राचीन हनुमान मंदिर मौजूद है। नागरिकों का कहना है कि पुल बनने पर भारी वाहनों का आवागमन शहर के मुख्य बाजार से होकर होगा, जिससे यातायात व्यवस्था प्रभावित होगी और आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
आपत्ति पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि प्रस्तावित स्थल के संबंध में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, नगर परिषद एवं नागरिकों से पर्याप्त विचार-विमर्श नहीं किया गया। साथ ही यह भी कहा गया कि प्रस्तावित मार्ग से संबंधित कुछ भूमि विवाद उच्च न्यायालय में लंबित है और यथास्थिति बनाए रखने के आदेश का भी उल्लेख किया गया है।
दस्तावेज में क्षेत्रीय विधायक द्वारा पूर्व में रेलवे एवं संबंधित विभागों को लिखे गए पत्रों का हवाला देते हुए बताया गया है कि वैकल्पिक स्थानों पर भी विचार करने का सुझाव दिया गया था। नागरिकों का कहना है कि तकनीकी विशेषज्ञों द्वारा अन्य विकल्पों का निरीक्षण भी किया गया है, इसलिए अंतिम निर्णय से पहले सभी विकल्पों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।
आपत्तिकर्ताओं ने मांग की है कि प्रस्तावित स्थान पर आरओबी निर्माण का प्रस्ताव निरस्त कर शहर के बाहर ऐसा स्थान चयनित किया जाए, जिससे भारी वाहनों का आवागमन शहर से बाहर हो, जन-धन की हानि न हो तथा व्यापारिक और धार्मिक स्थलों पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।




