*मुमुक्षु ललित भंसाली का जैन समाज ने किया बहुमान*.. .*(देखे वीडियो)* *दीक्षार्थी के सम्मान में निकला वरघोड़ा* …… *खिरकिया नगर में हुआ स्वागत अभिनंदन*








मुमुक्षु ललित भंसाली का जैन समाज ने किया बहुमान
:-दीक्षार्थी के सम्मान में निकला वरघोड़ा
(देखे वीडियो)
खिरकिया।
शहर में मुमुक्षु ललित भंसाली का श्वेतांबर जैन श्री संघ ने वरघोड़ा निकालकर बहुमान किया। थांदला के प्रसिद्ध स्वर्ण व्यवसायी ललित भंसाली अपने सांसारिक जीवन को त्याग कर 30 अप्रैल को जैन भगवती दीक्षा ग्रहण करेंगे। प्रवर्तक जिनेंद्र मुनि के सान्निध्य में दीक्षा महोत्सव का आयोजन थांदला में होगा। इसी परिपेक्ष्य में गुरुवार को मुमुक्षु ललित भंसाली के खिरकिया आगमन पर वर्षी दान वरघोड़ा जैन समाज द्वारा निकाला गया। वरघोड़ा कृषि उपज मंडी के सामने जैन सीड्स एजेंसी से शुरू हुआ तथा मेन रोड होते हुए कार्यक्रम स्थल श्वेतांबर जैन मांगलिक भवन पहुंचा। वरघोड़ा में मुमुक्षु ललित भंसाली तथा उनकी धर्म सहायिका संध्या भंसाली एक सुसज्जित बग्घी में सवार थे।वरघोड़ा (शोभायात्रा) के दौरान उपस्थित श्रावक-श्राविकाओं ने जोरदार उत्साह को छलकाते हुए गर्मजोशी के साथ जयकार किया।शोभायात्रा के दौरान समूचा वातावरण भगवान महावीर स्वामी, आचार्यश्रीजी, प्रवर्तकश्रीजी, मुमुक्षु के जयकारों से गुंजायमान हो गया। शोभायात्रा का रास्ते में अनेक स्थानों पर स्वागत किया गया।वहीं बड़ी संख्या में लोगों ने अपने-अपने निवास स्थानों तथा प्रतिष्ठानों के सामने मुमुक्षु ललित भंसाली का अभिनंदन किया।
समाजजनों ने किया बहुमान



श्वेतांबर जैन मांगलिक भवन में आयोजित कार्यक्रम में मुमुक्षु ललित भंसाली का समाजजनों ने बहुमान किया। सर्वप्रथम चेतना नागड़ा, रश्मि श्रीमाल तथा सुचिता भंडारी ने मंगलाचरण प्रस्तुत किया।वहीं समाजजनों ने मंचासीन अतिथियों का स्वागत किया।इस दौरान महावीर महिला मंडल, समता महिला मंडल, चंदनबाला महिला मण्डल, दिगम्बर जैन महिला मंडल तथा आगम रांका ग्रुप ने स्तवनों के माध्यम से दीक्षार्थी की भावनाओं का अनुमोदन किया। नन्हीं सी बालिका चारवी जैन विनायक ने बड़ी ही कुशलता के साथ अपने भाव व्यक्त किए।मुमुक्षु ललित भंसाली की भतीजी सौ.वंदना जैन विनायक ने भावुकता के साथ काव्यात्मक रूप से ललित भंसाली का परिचय दिया।इस दौरान मुमुक्षु ललित भंसाली के बड़े भाई तथा धर्मदास गण परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष भरत भंसाली, प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की ब्रम्हाकुमारी ऊषा बहन, सुरेशचंद्र जैन विनायक तथा निर्मल जैन विनायक ने भी संबोधित किया।इस दौरान श्वेतांबर जैन श्री संघ खिरकिया एवं चारुवा, विनायक परिवार सहित अन्य लोगों ने मुमुक्षु जी का सम्मान किया।इस दौरान उन्हें एक अभिनन्दन पत्र भी भेंट किया गया।अभिनन्दन पत्र का वाचन निर्मल जैन ने किया। इस अवसर पर नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती इंदरजीत कौर खनूजा, मुमुक्षु ललित भंसाली की बहन श्रीमती जीवनबाला चपलोद, विनायक परिवार के सुभाषचंद्र जैन तथा सुरेशचंद्र जैन भी मंचासीन थे।समूचा कार्यक्रम धर्मदास गण परिषद के राष्ट्रीय मंत्री राजेश मेहता के मार्गदर्शन में हुआ। आभार श्वेतांबर जैन श्री संघ के अध्यक्ष अनिल जैन मुणोत ने व्यक्त किया।अपरान्ह 3 बजे चौबीसी का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं की उपस्थिति रही।


संयम जीवन में ही अनंत सुख है

अपने बहुमान से अभिभूत मुमुक्षु ललित भंसाली ने कहा कि जैन संत का जीवन अत्यंत कठिन होता जरूर है, लेकिन मनुष्य भव की सफलता दीक्षा ग्रहण करने में ही है। मेरे परिवारजन का आभारी हूं कि उन्होंने मुझे संयम पथ की ओर अग्रसर होने में मदद की।उन्होंने कहा कि संसार के भौतिक साधनों में जो सुख प्राप्त होता है वह अस्थाई है, संयम जीवन में ही स्थाई सुख मिलता है। कार्यक्रम में क्षेत्रीय विधायक डॉ आरके दोगने, कांग्रेस नेता राजेश गोयत, सामाजिक कार्यकर्ता लक्ष्मीकांत हेड़ा, प्रवीण अग्रवाल,पूर्व नपा उपाध्यक्ष नरसिंह दास ओझा जैन संतों की विहार सेवा में योगदान देने वालों सहित जैन समाज के श्रावक-श्राविकाएं उपस्थित थे।








