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*डॉक्टर मोहन सरकार का बड़ा प्रशासनिक फैसला: PHE विभाग होगा मर्ज, कम छात्र संख्या वाले स्कूल बंद करने की तैयारी* ….. *एमपी में बड़ा बदलाव! PHE विभाग खत्म करने की तैयारी, छोटे स्कूलों के विलय पर मुहर*……

 

PHE विभाग के विलय पर मोहन सरकार का बड़ा फैसला, कम छात्र संख्या वाले स्कूल होंगे मर्ज!

रिपोर्ट: यश पांडे

 

डॉ.मोहन यादव की सरकार ने प्रदेश में प्रशासनिक और शैक्षणिक व्यवस्था में बड़े बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है। मध्यप्रदेश का सबसे पुराना लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग अब दो विभागों में मर्ज होने जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नीतिगत मामलों की एजेंडेवार बैठक में इस प्रस्ताव को मौखिक मंजूरी दे दी है।

सरकार की योजना के अनुसार ग्रामीण क्षेत्रों में कार्यरत पीएचई अमले को पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में और शहरी क्षेत्रों के अमले को नगरीय विकास एवं आवास विभाग में समाहित किया जाएगा। हालांकि विभाग को पूरी तरह समाप्त किया जाएगा या नहीं, इस पर अंतिम निर्णय अभी बाकी है।

यह फैसला केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय की उस नीति के बाद सामने आया है, जिसमें राज्यों से एकल नल-जल योजनाओं का संचालन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग को सौंपने की अपेक्षा की गई है। मध्यप्रदेश में इस दिशा में पहले से ही काम जारी था।

स्कूलों को लेकर भी बड़ा निर्णय

बैठक में शिक्षा व्यवस्था को लेकर भी कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर सहमति बनी। सरकार अब कम छात्र संख्या वाले स्कूलों को एक-दूसरे में मर्ज करेगी, जबकि कुछ स्कूल बंद भी किए जा सकते हैं। साथ ही प्रदेश के सभी स्कूल अब स्कूल शिक्षा विभाग के तहत संचालित होंगे।

सरकार ने सांदीपनि स्कूलों के बड़े भवनों का अन्य गतिविधियों में उपयोग करने की योजना पर भी चर्चा की। वर्तमान में इन स्कूलों में केवल एक शिफ्ट संचालित होती है।

ग्रामीण विकास और योजनाओं पर फोकस

बैठक में स्वामित्व योजना के विस्तार पर भी चर्चा हुई। सरकार 50 लाख पट्टों के वितरण की तैयारी कर रही है, जिसमें प्रधानमंत्री के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। पंचायतों में आबादी भूमि घोषित करने की प्रक्रिया को भी सरल बनाने पर जोर दिया गया।

इसके अलावा पेयजल आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा कर लापरवाही बरतने वालों पर सख्त कार्रवाई के संकेत दिए गए हैं। महिलाओं और अन्य पात्र हितग्राहियों को आर्थिक सहायता देने वाली योजनाओं की समीक्षा कर उन्हें रोजगार से जोड़ने पर भी सरकार ने मंथन किया।

स्वास्थ्य और उच्च शिक्षा विस्तार पर चर्चा

मुख्यमंत्री ने प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के अनुरूप मेडिकल यूनिवर्सिटी के भोपाल, जबलपुर और उज्जैन में अलग-अलग विस्तार की संभावनाओं पर अध्ययन करने के निर्देश दिए। वहीं युवाओं की बढ़ती जरूरतों को देखते हुए आरजीपीवी के नए कैंपस खोलने पर भी चर्चा हुई।

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