*छोटा सा सद कर्म भी कभी निष्फल नहीं जाता:- पूज्य गुलाब मुनि*









छोटा सा सद कर्म भी कभी निष्फल नहीं जाता:- पूज्य गुलाब मुनि
रिपोर्ट:,यश पांडे

खिरकिया चारूवा में विराजित जिन शासन प्रभावक, जन-जन की आस्था के केंद्र , प्रखर वक्ता , परम पूज्य गुरुदेव श्री गुलाबमुनीजी म.सा. आदि ठाणा तीन सुख साता पूर्वक विराजित हैं प्रवचन में पूज्य कैलाश मुनि जी महाराज साहब ने बताया कुरूप चेहरा अच्छा है लेकिन कुरूप मन नहीं मन को ठीक करके निकलेंगे तो शांति मिलेगी मन को अपसेट करके नहीं निकलना घर में सब सेट है सोफा सेट है पलंग सेट है कुर्सी सेट है टीवी सेट है लेकिन मन सेट नहीं है। मन को सूरूप बनाओगे तो बुद्धि का विकास होगा मन कुरूप होगा तो बुद्धि का विकास नहीं होगा
सूरूप मन होगा तो बुद्धि का विकास होगा कुरूप मन होगा तो बुद्धि का विकास नहीं होगा और सब गलत ही नजर आएगा मन भी अशांत रहेगा हमें मन को सूरूप बनाना चाहिए। इसी प्रकार हम व्याख्यान को जीवन में उतारेंगे तो हमारा विकास होगा और हमारे लखण सुधरेंगे बाजार में मिठाइयों की सुगंध से पेट नहीं भरता इसी प्रकार जिनवाणी मात्र सुनने से जीवन नहीं सुधरेगा उसे हमारे जीवन में प्रैक्टिकल उतारेंगे तो शांति समाधि मोक्ष मिलेगा ।
पढ़ाई करते वक्त पांच बातों का ध्यान रखना चाहिए
1 मार्क्स के लिए नहीं ज्ञान के लिए पढ़ना चाहिए
2 पढ़ाई करते समय मोबाइल और मटरगश्ती नहीं करना
3 विश्वास के साथ पढ़ना तो ज्ञान चढ़ेगा
4 धैर्यता के साथ पढ़ना
5 जल्दी सोना और जल्दी उठना
*पूज्य गुलाब मुनि जी महाराज साहब ने बताया*
संसार के समस्त जीव जीना चाहते हैं मरना नहीं अगर मौत सामने आ जाती है तो दादी नानी याद आ जाती है ।जीव जीना तो चाहता है लेकिन सुख पूर्वक दुख पूर्वक नहीं । दुख क्यों आया जो बोया वह पाया दुख दिया तो दुख आया सुख दिया तो सुख आया अगर सुख चाहिए तो जीवो को दुख मत दो किसी को भी दुख मत दो तो सुख के दिन आ जाएंगे ।
छोटा सा सत्कर्म भी कभी निष्फल नहीं जाएगा फायदे का होगा इस भव में नहीं तो अगले भव में मिलेगा लेकिन रिजल्ट जरूर मिलेगा
जब पुण्य का उदय आता है तो सब आ जाता है । परोपकारी का जल्दी काम होता है ।
जब पुण्य का उदय होगा तो दिमाग भी तेज होगा बुद्धि भी तेज होगी और विटामिन एम ( मनी )भी आएगा । समय शक्ति संपत्ति किसी का इंतजार नहीं करती ओर समय जाते देर नहीं लगती ।
जिनवाणी सुनोगे तो कोई घाटा होने वाला नहीं है जैसा चिंतन करोगे वैसा मिलेगा लेकिन उसके लिए पहले लखण सुधारो भगवान ने कहा कि संसार के सभी जीव सुख पूर्वक जीना चाहते हैं दूसरों को सुख दोगे तो सुख मिलेगा।









