*श्रुत – भक्ति दिवस खिरकिया समता भवन में पूरे दिन सामूहिक जप- जाप,साधना- आराधना,तप-त्याग के साथ मनाया।*….. *श्रुत भक्ति दिवस को और यादगार बनाया युवा पत्रकार यश पांडे ने लिया दुर्व्यसनों (पाउच) का त्याग।*






श्रुत – भक्ति दिवस खिरकिया समता भवन में पूरे दिन सामूहिक जप- जाप,साधना- आराधना,तप-त्याग के साथ मनाया।
श्रुत भक्ति दिवस को और यादगार बनाया युवा पत्रकार यश पांडे ने लिया दुर्व्यसनों (पाउच) का त्याग।





खिरकिया:- आचार्य भगवन 1008 श्री रामलाल जी महाराज साहब का 33 वां युवाचार्य दिवस एवं बहुश्रुत वाचनाचार्य उपाध्याय प्रवर श्री राजेश मुनि जी म.सा. का षष्ठम उपाध्याय पदारोहण दिवस जिसे श्रुतभक्ति दिवस के रूप में 2 सामायिक की आराधना के साथ 02 मार्च, 2025 रविवार को समता भवन खिरकिया में अखिल भारतवर्षीय साधुमार्गी जैन संघ के आव्हान पर पूरे देश में मनाया गया। इसी तारतम्यता में श्री श्वेतांबर जैन श्री संघ खिरकिया के तत्वाधान में सामूहिक समता शाखा सुबह 7:00 बजे से प्रारंभ कर जप-जाप, आरधना -साधना के साथ तप -त्याग के साथ जीवन को महकाते हुए 52 श्रद्धाशील गुरुभक्तो ने गुरु के प्रति अपनी दृढ़ श्रद्धा – समर्पणा का अतिसुंदर परिचय दिया।
आशीष समदड़िया ने बताया कि हम सभी बहुत ही भाग्यशाली सौभाग्यशाली हैं जो हमें इस पंचम काल में चौथे आरे जैसी क्रिया एवं साधना की पारीपालना करने वाले गुणाकर निराले आचार्य श्री रामलालजी महाराज साहब एवं बेल बेल के तपस्वी वहुश्रुत वाचनाचार्य उपाध्यय प्रवर श्री राजेश मुनिजी महाराज साहब का सानिध्य मिल रहा है।साथ ही आप सहित साधुमार्गी परंपरा में आपकी आजा में विचरण करने वाले कुल 493 संत सतियाजी महाराज साहब का सानिध्य हम सभी को प्राप्त हो रहा है। पूर्व में आचार्य श्री रामलाल जी महाराज साहब एवं उपाध्यय प्रवर श्री राजेश मुनिजी सहित कुल 48 संत संत सतियाजी महाराज साहब के साथ 2006 में खिरकिया नगर में पधारे थे। उस समय मंडी प्रांगण में तीन दिशाओं का आलौकिक दिव्य नजारा हजारों भक्तों के जन सैलाब ने देखा था। उसी समय से चारित्र आत्माओं एवं मुमुक्षु आत्माओं को सागर से गहरा ज्ञान प्राप्ति के लिए “गुरुकुल” की स्थापना हुई थी और उपाध्याय प्रवर को वहुश्रुत की उपमा से आचार्य श्री जी किया था।
श्रुत भक्ति दिवस के अवसर पर गुरु भक्त विजेंद्र (रिंकू) सिंह राजपूत ने परिपूर्ण पौषध कर हम सभी के समक्ष अनुकरणी आदर्श उपस्थित किया, कंचन भंडारी ने 11 सामयिक की दया एवं पौषध कर मनोवल का परिचय दिया।रिंकू भाई कंचन भंडारी दोनों सुबह 6 बजे समता पधारे और दूसरे दिन लगभग 8 बजे अपने गंतव्य की ओर पधारे कुल 26 घंटे धर्म आराधना में अग्रषित रहे। आशीष समदड़िया ने पौषध एवं
विमला रांका ने 11सामयिक की दया एवं रात्रि संवर का लाभ लिया।
रात्रि संवर का लाभ कुसुमलता भंडारी, कांता रांका,उषा मेहता,मोहन सोनी ने भी लिया।सुषमा समदड़िया ने उपवास के साथ रात्रि संवर कर गुरुभक्ति का परिचय दिया। साथ ही कई श्रावक श्राविकाओं बालक बालिकाओं ने आमर्थ अनुसार तप त्याग,धर्म ध्यान कर अपने गुरु के प्रति अटूट श्रद्धा गहरी निष्ठा का परिचय दिया। युवा पत्रकार यश पांडे ने दिवस को खास बना दिया राम गुरु का शुभ संदेश व्यसन मुक्त हो सारा देश की युक्ति को आत्मसात करते हुए आज से पाउच नहीं खाने के पचखान समता भवन में उपस्थित होकर मोहन सोनी ने गुरु राम की साक्षी से करवाए।यश पांडे ने जन्मदिन के अवसर पर त्याग कर जीवन को महकाया।
यह जानकारी अखिल भारतवर्षीय साधुमार्गी जैन संघ के पूर्व राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री आशीष समदड़िया ने प्रदान की।









